हाल ही में WHO ने कहा था कि हैकर्स इस मुश्किल स्थिति का फायदा उठाकर फिशिंग अटैक को अंजाम दे रहे हैं। ऐसे में गूगल के सेफ्टी सेंटर ने कुछ महत्वपूर्ण टिप्स साझा किए हैं, जिनके उपयोग से यूजर्स अपने-आप को ऑनलाइन फ्रॉड से बच सकेंगे। तो आइए इन सेफ्टी टिप्स पर डालते हैं एक नजर...
इंटरनेट का लें सहारा
यदि आपके पास वायरस से जुड़ा मैसेज या फिर ई-मेल आया है, तो सबसे पहले उसके बारे में ऑनलाइन सर्च करें। इससे आपको उस मैसेज या ई-मेल की सही जानकारी मिलेगी, जिससे आप ऑनलाइन धोखाधड़ी से बच सकेंगे। आपको बता दें कि भारत सरकार की पीआईबी इस समय फेक्ट चेक का काम कर रही है और लोगों तक सही जानकारी पहुंचा रही है।
बिना सोचे समझे किसी भी लिंक पर न करें क्लिक
अगर आपको व्हाट्सएप या फिर फेसबुक पर मैसेज के साथ लिंक आता है, तो उसपर भूलकर भी क्लिक न करें। हैकर्स ऐसे लिंक के जरिए लोगों डाटा चोरी कर लेते हैं।

दान देने से पहले फंड की जरूर करें जांच
अगर आप भी कोरोना फाइटर्स की मदद करने के लिए दान देना चाहते हैं, तो इससे पहले आपको डोनेशन फंड की जांच करनी चाहिए। क्योंकि इस समय बहुत सारे फर्जी है 

अपनी कोई भी जानकारी किसी को न भेजें 

आपको अपना नाम, मोबाइल नंबर और बैंक से जुड़ी जानकारी किसी के साथ शेयर नहीं करनी चाहिए, क्योंकि हैकर्स इस तरह की जानकारी का फायदा उठाकर आपको नुकसान पहुंचा सकते हैं। साथ ही यह भी ध्यान रखिए कि आपका बैंक कभी भी आपसे आपकी ई-मेल आईडी, पिन-कोड, अकाउंट नंबर और पासवर्ड नहीं पूछता है।

ट्रस्टेड सोर्स चेक करें
अधिकतर हैकर्स सरकारी संगठन की पहचान चुराकर आपको ठगने का प्रयास करते हैं। तो ऐसे में आपको सरकार की आधिकारिक साइट पर जाकर उसमें दी गई जानकारी पर ही भरोसा करना चाहिए। यदि आप ऐसा नहीं करते है, तो इससे आपका नुकसान हो सकता है।

जानकारी अच्छी लगी तो आपको तो यह और लोगों तक भेजें ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग हैकर्स से बचें।